ą¤ुरु पूर्णिमा 2026: ą¤ानें ą¤ास ą¤ोą¤्स, ą¤िनसे ą¤ą¤°ें ठपने ą¤ुरु ą¤ा सम्मान
ą¤ą¤ देą¤¶ą¤ą¤° में ą¤ुरु पूर्णिमा ą¤ा पर्व बऔ़ी श्रद्धा ą¤े साऄ मनाया ą¤ा रहा है। यह पर्व ą¤ą¤·ाढ़ महीने ą¤ी पूर्णिमा ą¤ो
मनाया ą¤ाता है। ą¤ą¤øे व्यास पूर्णिमा ą¤ी ą¤ą¤¹ą¤¤े हैं। मान्यता है ą¤ि ą¤ą¤øी दिन महर्षि वेदव्यास ą¤ा ą¤ą¤Ø्म हुठऄा।
वेदव्यास ą¤ी ने ą¤ारों वेदों ą¤ो ठलą¤-ठलठą¤ाą¤ों में बांą¤ा ऄा। ą¤ą¤Ø्होंने महाą¤ारत ą¤ैसे महान ą¤्रंऄ ą¤ी ą¤ी ą¤°ą¤ą¤Øा ą¤ी
ऄी। ą¤ą¤øी ą¤µą¤ą¤¹ से ą¤ą¤Ø्हें ą¤ą¤¦ि ą¤ुरु माना ą¤ाता है।
ą¤ą¤ ą¤े दिन लोठठपने ą¤ुरु ą¤ो याद ą¤ą¤°ą¤¤े हैं। स्ą¤ूल ą¤ą¤° ą¤ॉलेठमें शिą¤्षą¤ों ą¤ा सम्मान ą¤िया ą¤ाता है। मंदिरों
ą¤ą¤° ą¤ą¤¶्रमों में सत्संठहोते हैं। ą¤ą¤ ą¤ą¤ą¤¹ लोठव्रत ą¤ी ą¤°ą¤ą¤¤े हैं। ą¤ą¤ø दिन लोठठपने ą¤ुरु से ą¤ą¤¶ीर्वाद लेते हैं। साऄ
ही सोशल मीऔिया पर ą¤ą¤-दूसरे ą¤ो शुą¤ą¤ामना संदेश ą¤ą¤° ą¤ोą¤्स ą¤ी ą¤ेą¤ą¤¤े हैं। ą¤ą¤ą¤ ą¤ानते हैं ą¤ुरु पूर्णिमा से
ą¤ुऔ़े ą¤ास ą¤ोą¤्स ą¤ą¤° ą¤ą¤Øą¤ा महत्व।
ą¤ुरु ą¤ा महत्व ą¤्यों है ą¤ास
ą¤ारतीय संस्ą¤ृति में ą¤ुरु ą¤ा स्ऄान बहुत ą¤ंą¤ा माना ą¤ą¤Æा है। ą¤ुरु सिर्फ ą¤िताबी ą¤्ą¤ान नहीं देते। वे ą¤ीवन ą¤ीने ą¤ा
सही रास्ता ą¤ी दिą¤ाते हैं। ą¤ुरु ठंधą¤ार से प्रą¤ाश ą¤ी ą¤ą¤° ले ą¤ाते हैं। "ą¤ुरु" शब्द दो ą¤ाą¤ों से बना है। "ą¤ु" ą¤ा
मतलब है ठंधą¤ार। "रु" ą¤ा मतलब है ą¤ą¤øे दूर ą¤ą¤°ą¤Øे वाला। यानी ą¤ुरु वह है, ą¤ो ठą¤्ą¤ान ą¤ा ठंधą¤ार दूर ą¤ą¤°ą¤¤ा है।
ą¤ेवल स्ą¤ूल ą¤े शिą¤्षठही ą¤ुरु नहीं होते। माता-पिता ą¤ी हमारे पहले ą¤ुरु माने ą¤ाते हैं। ą¤ीवन में ą¤ो ą¤ी व्यą¤्ति हमें
सही राह दिą¤ाता है, वह ą¤ी हमारा ą¤ुरु होता है। ą¤ą¤øą¤²िठą¤ुरु पूर्णिमा ą¤े दिन लोठठपने माता-पिता, शिą¤्षą¤ों ą¤ą¤°
मार्ą¤ą¤¦ą¤°्शą¤ों, सą¤ी ą¤ो धन्यवाद ą¤ą¤¹ą¤¤े हैं।
संस्ą¤ृत ą¤ा प्रसिद्ध श्लोą¤
ą¤ुरु पूर्णिमा पर सबसे ą¤्यादा ą¤ą¤ श्लोठयाद ą¤िया ą¤ाता है। यह श्लोठबहुत पुराना है ą¤ą¤° हर ą¤ą¤° में सुना ą¤ाता
है:
"ą¤ुरुर्ब्रह्मा ą¤ुरुर्विष्णु ą¤ुरुर्देवो महेश्वरः। ą¤ुरुः साą¤्षात् परब्रह्म तस्मै श्री ą¤ुरवे नमः॥"
ą¤ą¤øą¤ा सीधा मतलब है ą¤ि ą¤ुरु ही ब्रह्मा हैं, ą¤ुरु ही विष्णु हैं ą¤ą¤° ą¤ुरु ही शिव हैं। ą¤ुरु ą¤ो साą¤्षात परमात्मा ą¤े समान
माना ą¤ą¤Æा है। ą¤ą¤øą¤²िą¤ ą¤ą¤øे ą¤ुरु ą¤ो बार-बार प्रणाम है।
ą¤ुरु पूर्णिमा पर ą¤ुठą¤ास ą¤ोą¤्स
नीą¤े ą¤ुą¤ ą¤ą¤øे ą¤ोą¤्स दिą¤ ą¤ą¤ हैं, ą¤िन्हें लोą¤ ą¤ą¤ ą¤े दिन ą¤ą¤-दूसरे ą¤ो ą¤ेą¤ ą¤øą¤ą¤¤े हैं। ą¤ą¤Ø्हें ą¤ार्औ, सोशल मीऔिया
पोस्ठया संदेश में ą¤ą¤ø्तेमाल ą¤िया ą¤ा ą¤øą¤ą¤¤ा है।
- "ą¤ुरु वह दीपठहै, ą¤ो ą¤ुद ą¤ą¤²ą¤ą¤° दूसरों ą¤ा रास्ता रोशन ą¤ą¤°ą¤¤ा है।"
- "बिना ą¤ुरु ą¤े ą¤्ą¤ान ठधूरा है, ą¤ैसे बिना ą¤ą¤”़ ą¤े पेऔ़।"
- "ą¤ुरु ą¤ी ą¤ृपा से ही ą¤ीवन ą¤ी हर मुश्ą¤िल ą¤ą¤øान बनती है।"
- "सą¤्ą¤ा ą¤ुरु वही है, ą¤ो बिना ą¤ुठमांą¤े सब ą¤ुठसिą¤ा दे।"
- "ą¤ुरु ą¤ा ą¤ą¤¶ीर्वाद ही सबसे बऔ़ी दौलत है।"
- "ą¤्ą¤ान ą¤ी राह पर ą¤ुरु ही सबसे ą¤ą¤°ोसेमंद साऄी होते हैं।"
- "ą¤ो ą¤ुरु ą¤ा सम्मान ą¤ą¤°ą¤¤ा है, वह ą¤ीवन में ą¤ą¤ी नहीं हारता।"
ą¤ą¤Ø ą¤ोą¤्स में ą¤ीवन ą¤ा ą¤ą¤¹ą¤°ा ठर्ऄ ą¤ुपा है। हर ą¤ोą¤्स यह बताता है ą¤ि ą¤ुरु ą¤ा स्ऄान ą¤ीवन में ą¤ितना ą¤ą¤°ूरी है।
ą¤ą¤¬ीर दास ą¤े दोहे ą¤ी हैं लोą¤ą¤Ŗ्रिय
ą¤ुरु पूर्णिमा पर संत ą¤ą¤¬ीर दास ą¤े दोहे ą¤ी बहुत पढ़े ą¤ाते हैं। ą¤ą¤¬ीर दास ने ą¤ुरु ą¤ी महिमा पर ą¤ą¤ दोहे लिą¤े ऄे।
यह दोहा सदियों से लोą¤ों ą¤ी ą¤ुबान पर है:
"ą¤ुरु ą¤ोविंद दोą¤ ą¤ą¤”़े, ą¤ाą¤े लाą¤ूं पांय। बलिहारी ą¤ुरु ą¤ą¤Ŗą¤Øे, ą¤ोविंद दियो बताय॥"
ą¤ą¤ø दोहे में ą¤ą¤¬ीर दास ą¤ą¤¹ą¤¤े हैं ą¤ि ą¤ ą¤ą¤° ą¤ुरु ą¤ą¤° ą¤ą¤ą¤µान दोनों सामने ą¤ą¤”़े हों, तो पहले ą¤िसą¤े पैर ą¤ुठą¤ाą¤ं।
ą¤ą¤¬ीर दास ą¤ą¤¹ą¤¤े हैं ą¤ि पहले ą¤ुरु ą¤ो प्रणाम ą¤ą¤°ą¤Øा ą¤ाहिą¤। ą¤्योंą¤ि ą¤ुरु ने ही ą¤ą¤ą¤µान ą¤ा रास्ता दिą¤ाया है। यह
दोहा ą¤ą¤ ą¤ी ą¤ुरु पूर्णिमा पर सबसे ą¤्यादा शेयर ą¤िया ą¤ाता है।
लोठą¤ैसे मनाते हैं यह पर्व
ą¤ुरु पूर्णिमा ą¤े दिन ą¤ा माहौल बहुत ą¤ास होता है। सुबह-सुबह लोठस्नान ą¤ą¤°ą¤¤े हैं। ą¤ą¤øą¤े बाद पूą¤ा-पाą¤ ą¤ą¤°ą¤¤े
हैं। ą¤ą¤ लोठठपने ą¤ुरु ą¤े ą¤ą¤° या ą¤ą¤¶्रम ą¤ाą¤ą¤° ą¤ą¤Øą¤ा ą¤ą¤¶ीर्वाद लेते हैं। फूल, फल ą¤ą¤° मिठाठą¤ेंठą¤ी ą¤ाती है।
स्ą¤ूलों में ą¤ą¤ ą¤ास ą¤ार्यą¤्रम रą¤े ą¤ाते हैं। बą¤्ą¤े ठपने शिą¤्षą¤ों ą¤ो ą¤ार्औ ą¤ą¤° तोहफे देते हैं। ą¤ą¤ ą¤ą¤ą¤¹ ą¤ाषण
ą¤ą¤° निबंध प्रतियोą¤िताą¤ं ą¤ी होती हैं। ą¤ॉलेठमें ą¤ात्र ठपने प्रोफेसर ą¤ा धन्यवाद ą¤ą¤°ą¤¤े हैं।
ą¤ą¤§्यात्मिठą¤ुरुą¤ं ą¤े ą¤ą¤¶्रमों में ą¤ą¤ ą¤ारी ą¤ीऔ़ देą¤ी ą¤ाती है। ą¤ą¤्त लोठसत्संठमें शामिल होते हैं। ą¤ą¤ą¤Ø-ą¤ीर्तन
ą¤ा ą¤ą¤Æोą¤ą¤Ø ą¤ी ą¤िया ą¤ाता है। ą¤ą¤ ą¤ą¤ą¤¹ ą¤ą¤°ीबों ą¤ो ą¤ोą¤ą¤Ø ą¤ą¤° दान ą¤ी दिया ą¤ाता है।
सोशल मीऔिया पर ą¤ी दिą¤ा ą¤ą¤¤्साह
ą¤ą¤ सुबह से ही सोशल मीऔिया पर ą¤ुरु पूर्णिमा ą¤े मैसेą¤ ą¤ą¤° ą¤ोą¤्स ą¤्रेंऔ ą¤ą¤° रहे हैं। लोठफेसबुą¤, ą¤ंस्ą¤ाą¤्राम
ą¤ą¤° व्हाą¤्ą¤øą¤ą¤Ŗ पर ठपने ą¤ुरु ą¤ी तस्वीरें ą¤ą¤° ą¤ोą¤्स साą¤ा ą¤ą¤° रहे हैं। ą¤ą¤ लोठठपनी पुरानी स्ą¤ूल ą¤ी फोą¤ो ą¤ी
पोस्ą¤ ą¤ą¤° रहे हैं। ą¤ą¤øą¤े साऄ वे ठपने पुराने शिą¤्षą¤ों ą¤ो याद ą¤ą¤° रहे हैं।
ą¤ुठलोठठपने ą¤ुरु ą¤ो वीऔियो ą¤ॉल ą¤ą¤°ą¤े ą¤ी शुą¤ą¤ामना दे रहे हैं। दूर रहने वाले शिष्य ą¤ą¤ ą¤ासतौर पर
ठपने ą¤ुरु से बात ą¤ą¤°ą¤Øे ą¤ी ą¤ोशिश ą¤ą¤°ą¤¤े हैं।
शुą¤ą¤ामना संदेश ą¤ेą¤ą¤Øे ą¤ा तरीą¤ा
ą¤ ą¤ą¤° ą¤ą¤Ŗ ą¤ी ą¤ą¤ ठपने ą¤ुरु या शिą¤्षठą¤ो संदेश ą¤ेą¤ą¤Øा ą¤ाहते हैं, तो ą¤ą¤Ŗą¤° दिą¤ ą¤ą¤ ą¤ोą¤्स ą¤ा ą¤ą¤ø्तेमाल ą¤ą¤°
ą¤øą¤ą¤¤े हैं। ą¤ą¤øą¤े साऄ ą¤ą¤Ŗ ठपने ą¤ुद ą¤े शब्दों में ą¤ी धन्यवाद लिą¤ ą¤øą¤ą¤¤े हैं। ą¤ą¤ साधारण संदेश ą¤ी बहुत
मायने ą¤°ą¤ą¤¤ा है। ą¤ैसे: "ą¤ुरु ą¤ी, ą¤ą¤Ŗą¤Øे ą¤ो सिą¤ाया है, वह मेरी पूरी ą¤िंदą¤ी ą¤ाम ą¤ą¤ą¤ा। धन्यवाद।"
निष्ą¤ą¤°्ष
ą¤ुरु पूर्णिमा सिर्फ ą¤ą¤ पर्व नहीं है। यह ą¤ुरु ą¤े प्रति ą¤ą¤ार ą¤ą¤¤ाने ą¤ा दिन है। ą¤ą¤ ą¤े दिन हर ą¤िसी ą¤ो ठपने
ą¤ुरु ą¤ो याद ą¤ą¤°ą¤Øा ą¤ाहिą¤। ą¤ाहे वह स्ą¤ूल ą¤ा शिą¤्षठहो, माता-पिता हों या ą¤ीवन में राह दिą¤ाने वाला ą¤ोą¤ ą¤ą¤°
व्यą¤्ति हो। ą¤ą¤Ŗą¤° दिą¤ ą¤ą¤ ą¤ोą¤्स ą¤ą¤° दोहे ą¤ą¤ø ą¤ावना ą¤ो शब्दों में बयां ą¤ą¤°ą¤Øे में मदद ą¤ą¤°ą¤¤े हैं। ą¤ą¤ø ą¤ुरु पूर्णिमा
पर ठपने ą¤ुरु ą¤ो धन्यवाद ą¤ą¤°ूर ą¤ą¤¹ें।
